मनोरंजनराजस्थानराज्य

Rajasthan News महाराणा प्रताप जयंती 489 वीमहोत्सव महाराणा प्रताप युवा संगठन एवं दुर्गा शक्ति अखाड़ा के संयुक्त तत्वधान में महाराणा प्रताप जयंती हनुमान जी की बगीची आगूचा में बड़े धूमधाम से मनाई गई।

रिपोर्टर देवकिशन बैरवा भीलवाड़ा राजस्थान

महाराणा प्रताप जयंती 489 वीमहोत्सव महाराणा प्रताप युवा संगठन एवं दुर्गा शक्ति अखाड़ा के संयुक्त तत्वधान में महाराणा प्रताप जयंती हनुमान जी की बगीची आगूचा में बड़े धूमधाम से मनाई गई। कार्यक्रम की शुरुआत महाराणा प्रताप के युवा संगठन के कार्यकर्ता द्वारा महाराणा प्रताप की तस्वीर पर दीप प्रज्वलित करके पुष्प अर्पण किए। शिवानी बहन द्वारा नीले घोड़े रा असवार गीत गाया गया । बहनों द्वारा दंड प्रदर्शन किया गया एवं सांवर लाल बैरवा द्वारा महाराणा प्रताप की जीवनी पर प्रकाश डाला ।उन्होंने कहा महाराणा प्रताप ने मेवाड़ की रक्षा के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए 9 मई 1540 को महाराणा प्रताप का जन्म कुंभलगढ़ में हुआ ।पिता का नाम उदय सिंह मां का नाम जयंताभाई महाराणा प्रताप बचपन से ही शक्तिशाली थे ।महाराणा प्रताप ने मेवाड़ को स्वतंत्र रखने के लिए घास की रोटी खाना स्वीकार किया। जंगलों में जनजातियों भील परिवार, गाडोलिया परिवार यहां तक उनके सेनापति हकीम खां सूरी एवं अनेक राजपूत सरदार आदि को एकत्रित करते हुए मेवाड़ की रक्षा के लिए निरंतर लड़ते रहे ।1576 के युद्ध में महाराणा प्रताप हल्दीघाटी वाले युद्ध में हार नहीं हुई थी महाराणा प्रताप योजना के तहत चेतक पर सवार होकर निकले थे। 30 से अधिक युद्ध जीत कर मेवाड़ की धरा की रक्षा की। लेकिन अकबर के सामने हार नहीं मानी आज समय की मांग है भाइयों बहनों को सभी को शस्त्र व शास्त्र दोनों की शिक्षा जरूरी है। कार्यक्रम का संचालन बबलू बैरवा भैया ने किया। कार्यक्रम में दुर्गा शक्ति अखाड़ा की बहने तृप्ति ,शिवानी ,कोमल व महाराणा प्रताप युवा संगठन के फतेह सिंह , सांवर लाल प्रजापत ,पिंटू प्रजापत ,सिद्धेश्वर लोहार, राजू सेन ,विनोद टेलर , कमलेश बैरवा राजेश बैरवा श्यामलाल शाहपुराआदि उपस्थित रहे ।

ChatGPT Image Jun 19, 2026, 03_57_34 PM

Related Articles

Back to top button