उत्तरप्रदेशदेश

सुरक्षा के लिए बने स्पीड ब्रेकर बन रहे दुर्घटनाओं का कारण

सुरक्षा के लिहाज से बनाए गए ज्यादातर ब्रेकर मानक अनुरूप न होने के कारण हादसों का सबसे बड़ा कारण है। ✍️हरिओम दिवाकर फतेहपुर उत्तर प्रदेश

फतेहपुर शहर में लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्पीड ब्रेकर बनाए गए हैं लेकिन यहीं दुर्घटना का कारण बन सकते हैं पटेल नगर चौराहा से वीआईपी लिंक मार्ग वार्ड नंबर 33 में जबकी अभी निर्माण हुआ है शहर में लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्पीड ब्रेकर बनाए गए हैं, लेकिन यहीं दुर्घटना का कारण बन रहे हैं। सबसे अधिक परेशानी दोपहिया वाहन चालकों को होती है।

 

मोटरसाइकिल सवार लोग अक्सर चकमा खा जाते हैं। जिसकी वजह से मोटरसाइकिल असंतुलित हो जाती है। कई बार पीछे बैठा व्यक्ति और महिला भी हादसे का शिकार हो जाती है। चारपहिया वाहनों के आए दिन एक्शल टूटने के संभावना रहती है दरअसल ब्रेकर लगाने का कोई मानक तय नहीं है। शहर में कई स्थानों पर स्पीड ब्रेकर इतने ऊंचे बना दिए गए हैं कि वाहन चालक चकमा खा जाते है।

नियम के मुताबिक स्पीड ब्रेकर लगाने से पहले ड्राइवर को सचेत करने के लिए 50 से 80 मीटर पहले चेतावनी बोर्ड लगाना आवश्यक है। नियमानुसार इस पर पेंट के साथ थर्मो प्लास्टिक बार मार्किंग होना जरूरी है।


यह है नियम सरकार के बनाए हुए
इंडियन रोड कांग्रेस (आइआरसी) नियमों के मुताबिक, किसी भी सड़क पर स्पीड ब्रेकर के निर्माण से पहले वहां ट्रैफिक का सर्वे किया जाता है। सर्वे के आधार पर यह जानकारी जुटाई जाती है कि जहां स्पीड ब्रेकर बनाए जाते हैं वहां ट्रैफिक का प्रेशर कितना है। उसके आधार पर निर्माण की तकनीक, मोटाई, मैटेरियल के मापदंड तय होते हैं शहर में मनमाने तरीके से स्पीड ब्रेकर बना दिए गए हैं। कोई तय मानक नहीं है। ब्रेकर के समीप कोई सूचनात्मक बोर्ड नहीं लगा होता। चालक को सचेत करने के लिए कई जगहों पर तो मार्किंग तक नहीं की जाती।

Indian Crime News

Related Articles

Back to top button