Uttar Pradesh News : गुरुपूर्णिमा से पहले ही मुड़िया परिक्रमा मार्ग बना मौत का रास्ता” – चकलेश्वर कीचड़ में फंसेंगे लाखों श्रद्धालु?
प्रशासन अब भी मौन!
ब्यूरो चीफ सूरज मथुरा उत्तर प्रदेश
गोवर्धन। गुरुपूर्णिमा पर शुरू होने वाली मुड़िया महंत की शोभायात्रा और दंडवती परिक्रमा के महज कुछ दिन बचे हैं। देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु सप्तकोसीय परिक्रमा करने गोवर्धन आएंगे। लेकिन चकलेश्वर मंदिर से निकलने वाले मुख्य परिक्रमा मार्ग की हालत देखकर रूह कांप रही है। वायरल वीडियो में कैद हुई हकीकत: बारिश की 1 बूंद में ही पूरा मार्ग कीचड़ का दलदल बन गया है। बुजुर्ग माताएं-बहनें नंगे पैर, दीवार पकड़कर जान जोखिम में डालकर निकल रही हैं। कहीं गहरे गड्ढे, कहीं घुटने तक कीचड़। बाइक, साइकिल सब फंस रहे हैं। सबसे बड़ा खतरा: यही रास्ता है जहां से मुड़िया संत की शोभायात्रा निकलेगी और दंडवती परिक्रमा वाले श्रद्धालु दंडवत करते हुए जाएंगे। अगर समय रहते सुध नहीं ली गई तो गुरुपूर्णिमा की भीड़ में कोई बड़ी अनहोनी तय है। बुजुर्ग, बच्चे, महिलाएं कीचड़ में गिरकर गंभीर रूप से घायल हो सकते हैं। स्थानीय लोगों का आक्रोश: “हर साल यही होता है। बारिश से पहले नाली-सफाई के नाम पर सिर्फ कागजी खानापूर्ति। अब लाखों श्रद्धालु आएंगे तो जिम्मेदार कौन होगा?”
नगर पंचायत गोवर्धन और DM मथुरा से 3 मांग: तुरंत 24 घंटे में चकलेश्वर से मुड़ीया मंदिर तक का पूरा मार्ग कीचड़ मुक्त किया जाए। जेसीबी और पंप लगाकर जलभराव निकाला जाए और अस्थाई रूप से रास्ते पर गिट्टी डाली जाए। गुरुपूर्णिमा से पहले स्थाई नाली निर्माण का टेंडर जारी कर जिम्मेदार अधिकारी की ड्यूटी लगाई जाए। अगर प्रशासन ने अब भी आंखें बंद रखीं तो श्रद्धालुओं की सुरक्षा की जिम्मेदारी किसकी होगी कीचड़ और जलभराव में फंसी श्रद्धा” – चकलेश्वर मंदिर जाने वाले रास्ते बदहाल, श्रद्धालु मजबूरन नंगे पैर कीचड़ में चलने को मजबूर गोवर्धन में बारिश के बाद हालात बद से बदतर। चकलेश्वर मंदिर और मुड़ीया मंदिर जाने वाले मुख्य मार्ग पर कीचड़, गड्ढे और गंदा पानी भरा हुआ है। श्रद्धालु परेशान – बुजुर्ग संत और स्थानीय लोग नंगे पैर, हाथ में पूजा का सामान और लोटा लेकर कीचड़-पानी में से होकर गुजर रहे हैं। रास्ता तालाब बना – पूरी सड़क टूटी पड़ी है। जगह-जगह गहरे गड्ढे और गंदा पानी भरा है। बाइक वाले भी गिरते-पड़ते निकल रहे हैं।



Subscribe to my channel