ब्रेकिंग न्यूज़

Madhya Pradesh “भंडारे का बचा भोजन गायों को न खिलाएं, रिफाइंड में बना भोजन प्राणघातक”

जिला संवाददाता संतोष सिंह चौहान भिंड मध्य प्रदेश 

गौरक्षा के क्षेत्र में सक्रिय गौरक्षक संतोष चौहान ने श्रीमद् भागवत कथा आयोजन समितियों एवं धर्मप्रेमी जनों से एक महत्वपूर्ण अपील की है।

उन्होंने कहा कि भागवत कथाओं के भंडारों में बचे हुए भोजन को गायों के खाने के लिए न डाले । विशेषकर रिफाइंड तेल में बनी पूड़ी, सब्जी आदि को अत्यधिक मात्रा में खाने से गोवंश की असमय मृत्यु हो जाती है। ऐसी दुखद घटनाओं के कई मामले विभिन्न स्थानों पर सामने आ चुके हैं।
गौरक्षक  संतोष चौहान ने आयोजन समितियों से आग्रह किया कि इस बात का विशेष ध्यान रखें, क्योंकि यदि भागवत जैसे पवित्र आयोजन के दौरान डाली गई अत्यधिक मात्रा में भोजन-प्रसादी खाने से किसी गौमाता की मृत्यु हो जाती है तो यह अत्यंत दोषपूर्ण होगा।
संतोष चौहान ने सुझाव दिया कि गौमाता के लिए गौभोग अवश्य समर्पित करें, परंतु गौमाता का प्राकृतिक आहार आटा मिश्रित भूसा, हरा चारा, ही खिलाएं। यही गौसेवा का शास्त्रसम्मत मार्ग है।संतोष चौहान ने कहा, “गौमाता की रक्षा हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है। पुण्य अर्जित करने के भाव से किया गया कार्य कहीं अनजाने में पाप का कारण न बन जाए, इसका हमें सदैव ध्यान रखना होगा।”
Indian Crime News

Related Articles

Back to top button