Madhya Pradesh News शिक्षक माटीशिल्पी हैं, विद्यार्थी कच्ची मिट्टी – कलेक्टर श्री धोटे
बच्चों का भविष्य गढ़ने में शिक्षकों की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण

ब्यूरो चीफ इंद्र मेन मार्को मंडला मध्यप्रदेश
सिंगारपुर विद्यालय के निरीक्षण में शिक्षा की गुणवत्ता, स्वच्छता और पालक संवाद पर दिया जोर मंडला । मोहगांव विकासखंड के प्रवास पर पहुंचे कलेक्टर श्री राहुल नामदेव धोटे ने शुक्रवार को शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल सिंगारपुर का निरीक्षण कर शिक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।उन्होंने कक्षाओं में पहुंचकर विद्यार्थियों से संवाद किया, अध्यापन कार्य का अवलोकन किया तथा शिक्षकों से विद्यालय में संचालित शैक्षणिक गतिविधियों की जानकारी प्राप्त की। कलेक्टर ने विद्यार्थियों से उनकी पढ़ाई, रुचियों और भविष्य की योजनाओं के बारे में आत्मीय चर्चा करते हुए उन्हें नियमित अध्ययन और अनुशासित जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया। विद्यालय भ्रमण के पश्चात प्राचार्य कक्ष में आयोजित बैठक में कलेक्टर श्री धोटे ने शिक्षकों को कहा कि शिक्षक केवल पाठ्यक्रम पूरा करने वाले कर्मचारी नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण के वास्तविक शिल्पकार हैं।

उन्होंने कहा कि शिक्षक माटीशिल्पी हैं और विद्यार्थी कच्ची मिट्टी। जिस प्रकार एक कुशल शिल्पकार मिट्टी को सुंदर आकार देकर उत्कृष्ट कलाकृति का निर्माण करता है, उसी प्रकार शिक्षक अपने ज्ञान, संस्कार और मार्गदर्शन से विद्यार्थियों के व्यक्तित्व का निर्माण करते हैं। बच्चों को जो दिशा और आकार आज मिलेगा, वही भविष्य में समाज और राष्ट्र का स्वरूप तय करेगा।
कलेक्टर श्री धोटे ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करना नहीं, बल्कि बच्चों में नैतिक मूल्यों, सामाजिक जिम्मेदारी और आत्मविश्वास का विकास करना भी है। इसके लिए शिक्षकों को विद्यार्थियों की व्यक्तिगत क्षमताओं और आवश्यकताओं को समझते हुए कार्य करना होगा। उन्होंने विशेष रूप से कमजोर विद्यार्थियों की पहचान कर उन्हें अतिरिक्त मार्गदर्शन देने तथा नवाचार आधारित शिक्षण पद्धतियों को अपनाने पर बल दिया।

उन्होंने विद्यालय परिसर एवं कार्यालय की साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने के निर्देश देते हुए कहा कि स्वच्छ वातावरण बच्चों के सर्वांगीण विकास और बेहतर शिक्षण प्रक्रिया के लिए अत्यंत आवश्यक है। स्वच्छ एवं प्रेरणादायी विद्यालय परिसर विद्यार्थियों में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है तथा सीखने की क्षमता को बढ़ाता है। कलेक्टर श्री धोटे ने प्राचार्य एवं शिक्षकों को नियमित रूप से विद्यार्थियों के पालकों से संपर्क करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्यालय और परिवार के बीच मजबूत संवाद स्थापित होने से बच्चों की वास्तविक परिस्थितियों, उनकी समस्याओं एवं शैक्षणिक जरूरतों को बेहतर ढंग से समझा जा सकता है। पालकों की सहभागिता से शिक्षा की गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार लाया जा सकता है। निरीक्षण के दौरान सिंगारपुर की सरपंच श्रीमती अंजली मार्काे, एसडीएम घुघरी श्री सचिन जैन, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत मोहगांव, विकासखंड शिक्षा अधिकारी मोहगांव, विद्यालय के प्राचार्य तथा समस्त शिक्षकगण उपस्थित रहे।




Subscribe to my channel