ब्रेकिंग न्यूज़

Chhattisgarh News जर्जर आवासों में रहने को मजबूर कोयला कर्मी: संयुक्त कोयला मजदूर संघ ने एजीएम को सौंपा शिकायत पत्र

रिपोर्टर मनोज मानिकपुरी कोरबा छत्तीसगढ़

एसईसीएल की मेगा परियोजना कुसमुंडा की कॉलोनी में रहने वाले कोयला कर्मचारी इन दिनों बदहाली के आंसू बहा रहे हैं। कॉलोनी के आवास पूरी तरह जर्जर हो चुके हैं, और नए आवासों के आवंटन में मरम्मत से जुड़े अनेक कार्य लंबे समय से लंबित पड़े हैं। बुनियादी सुविधाओं के नाम पर कॉलोनी में जलापूर्ति व्यवस्था पूरी तरह ठप और खराब स्थिति में है, जिससे कर्मियों को रोजमर्रा की जिंदगी में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

​इन गंभीर समस्याओं को लेकर संयुक्त कोयला मजदूर संघ (एटक) ने मोर्चा खोल दिया है। संघ के प्रतिनिधियों ने एरिया जनरल मैनेजर (एजीएम) से मुलाकात कर उन्हें एक लिखित मांगपत्र/शिकायत पत्र सौंपा है और समस्याओं के जल्द से जल्द निराकरण की मांग की है।

​प्रबंधन का ढुलमुल रवैया और पार्क-बिजली की बदहाली

संगठन के क्षेत्रीय कल्याण समिति सदस्य मयंक सिंह, कुरुराम सहित अन्य प्रतिनिधियों का कहना है कि कॉलोनी के निवासियों द्वारा समय-समय पर संबंधित विभागों को शिकायतें दी जाती रही हैं, लेकिन इसके बावजूद प्रबंधन की ओर से कोई प्रभावी या सुधारात्मक कार्रवाई नहीं की गई। प्रबंधन का यह उदासीन रवैया कर्मचारियों की मूलभूत आवश्यकताओं के प्रति उनकी लापरवाही को दर्शाता है।

मांगपत्र में मुख्य रूप से निम्नलिखित समस्याओं को रेखांकित किया गया है:

पेयजल संकट: कॉलोनी में पानी की आपूर्ति न केवल अनियमित है बल्कि अपर्याप्त भी है। वहां लगी आरओ (RO) प्रणाली का रखरखाव संतोषजनक नहीं होने के कारण पेयजल की उपलब्धता पर बुरा असर पड़ा है, जिससे निवासियों में गहरा असंतोष है।
​पार्कों का खराब रखरखाव: कॉलोनी के पार्कों की नियमित सफाई, घास की कटाई और पौधों की देखभाल नहीं की जा रही है, जिससे पार्कों की स्थिति दिन-ब-दिन खराब हो रही है।
​घटिया विद्युत उपकरण (सुरक्षा का खतरा): विकास नगर कॉलोनी में लगाए गए स्विच बोर्डों की गुणवत्ता अत्यंत खराब है। कई स्विच और सॉकेट ढीले हैं, जो विद्युत सुरक्षा के दृष्टिकोण से एक गंभीर चिंता का विषय बने हुए हैं।
​सड़क निर्माण में देरी: भुट्टा चौक रोड के निर्माण कार्य में अत्यधिक देरी हो रही है, जिससे कर्मचारियों, उनके परिजनों और स्थानीय निवासियों को आवागमन में भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।

जल्द कार्रवाई की मांग

लंबे समय से बनी इन समस्याओं से नाराज कर्मचारी संघ ने एजीएम से इस दिशा में तुरंत संज्ञान लेने और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश प्रदान करने की मांग की है, ताकि कोयला कर्मियों और उनके परिवारों को इस नारकीय स्थिति से राहत मिल सके।

Indian Crime News

Related Articles

Back to top button